रात की इस ख़ामोशी में
इस कलम की सरगोशी में
मैं तुमसे कुछ कहना चाहती हु।
यूह तोह मेरी होके भी यह कलम
तुम्हारी ही बातें करती है सनम
चाहती हु आज यह मेरी सुने
मेरी भी आज यह लिखे
वोह बात जो मैं बताना चाहती हु।
मालुम है तुम इसे नादानी कहते हो
कुछ मेरे इश्क़ की बदनामी कहते हो
बे-पायान होती है मोहोब्बत कुछ को
तुम्हे समझाना चाहती हु।
तुम्हारे साथ होके भी
तुम्हसे दूर रहके भी
इस बे-बाक मोहोब्बत को,
बिना किसे शिकायत के करना जानती हु।
इन आँखों की नमी में
अल्फाज़ो की कमी में
बस यही कहना चाहती हु;
इश्क़ मंज़िल है यह,
कोई राह नहीं जो मोड़ना चाहती हु।
A Friend Smile..
When someone's having a bad day,
Getting everything else done.
Go into this week
MAN SE SWIKAR
एक पहल रिश्ते की ओर (कविता का शीर्षक )
Times Are Changing
We had our good days and we had our bad,
salamat rahe hamari dosti
Salamat rahe dosti ye hamari
Best Friends Are Angels, That God Sent Along
If someone asked what's a best friend?
AAPKI LADAI KOI OR LAD RAHA HAI
Messy Room
Whosever room this is should be ashamed!
A Crush...
I think your sweet, your smiles the best
When I First Met You
~When I first met you~